Search

BREAKING
Punjab के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने राष्ट्रपति से की मुलाकात, ‘पंजाब के गद्दार’ राज्यसभा सदस्यों की सदस्यता रद्द करने की मांग की चंडीगढ़ एयरपोर्ट पर हादसा: इंडिगो फ्लाइट में लैंडिंग के बाद पावर बैंक फटा, यात्री घायल Punjab में मौसम ने ली करवट, बारिश और तेज हवाओं का येलो अलर्ट जारी CM मान की ‘शुकराना यात्रा’, गुरु घरों में टेकेंगे माथा राष्ट्रपति से मुलाकात के लिए दिल्ली रवाना हुए CM मान, पंजाब की राजनीति में अहम मोड़ CM Mann ने विश्व स्तरीय सुविधाओं से लैस 250 ग्रामीण खेल मैदानों का किया उद्घाटन; कहा, Punjab के गांवों से अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी पैदा होंगे भाजपा के हाथ 700 किसानों के खून से रंगे हुए हैं, पंजाब काले कृषि कानूनों का अपमान कभी नहीं भूलेगा: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान भगवंत मान सरकार की ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ बनी वरदान; 65 साल की माँ के घुटनों का हुआ मुफ्त ऑपरेशन, बेटे की आँखों से छलके खुशी के आँसू पंजाब पुलिस ने पाकिस्तान समर्थित ‘ड्रोन–ड्रग्स–गन’ नेटवर्क को तोड़ा, ‘गैंगस्टरों पर वार’ अभियान के तहत 65 करोड़ की संपत्ति फ्रीज़ पंजाबी अभिनेता जसविंदर सिंह भल्ला को श्रद्धांजलि, मोहाली में उनके नाम पर बना चौक

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिले CM भगवंत सिंह मान, बोले – “पंजाब में गद्दारी बर्दाश्त नहीं”

May 5, 2026By Short Daily News

नई दिल्ली में आज पंजाब की राजनीति से जुड़ा एक अहम घटनाक्रम देखने को मिला, जब मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मुलाकात की। इस उच्चस्तरीय बैठक के बाद CM मान ने मीडिया से बातचीत करते हुए कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपना स्पष्ट रुख रखा।

मुख्यमंत्री मान ने आम आदमी पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी में शामिल हुए राज्यसभा सांसदों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में मनमानी नहीं चल सकती और इस तरह की दल-बदल की राजनीति लोकतंत्र की भावना के खिलाफ है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि पंजाब में इस तरह की “गद्दारी” किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

CM मान ने बताया कि राष्ट्रपति के साथ बेहद सकारात्मक माहौल में चर्चा हुई। उन्होंने कहा कि उन्होंने सात राज्यसभा सदस्यों की सदस्यता को लेकर मुद्दा उठाया है। राष्ट्रपति ने उन्हें आश्वासन दिया है कि वह इस मामले पर संवैधानिक विशेषज्ञों से सलाह लेकर आगे की कार्रवाई पर विचार करेंगी। साथ ही उन्होंने मुख्यमंत्री को पंजाब के लोगों की सेवा जारी रखने के लिए कहा।

मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि उन्होंने राष्ट्रपति के सामने “राइट टू रिकॉल” कानून लागू करने की मांग रखी, ताकि जनता को अपने चुने हुए प्रतिनिधियों को वापस बुलाने का अधिकार मिल सके। उनका कहना था कि संविधान में पहले भी कई संशोधन हो चुके हैं और इस दिशा में भी कदम उठाया जाना चाहिए।

पश्चिम बंगाल चुनाव को लेकर पूछे गए सवाल पर CM मान ने कहा कि भाजपा के पंजाब में इस समय केवल दो विधायक हैं और अगली बार यह संख्या शून्य हो जाएगी। उन्होंने कहा कि पंजाब भाजपा से डरने वाला नहीं है।

कुल मिलाकर, यह मुलाकात राजनीतिक रूप से काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है और आने वाले समय में इसके असर पंजाब की राजनीति पर देखने को मिल सकते हैं।