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SYL के एरिया में कटी कॉलोनियां और प्लॉट:कई जगह लोगों ने घर तक बनाए, अधिकारी बोले- जांच के बाद होगा एक्शन

January 27, 2026By Short Daily News

पंजाब और हरियाणा के बीच सतलुज-यमुना लिंक (एसवाईएल) नहर के मुद्दे पर आज चंडीगढ़ में दोनों प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों के बीच हाई लेवल मीटिंग हुई। लेकिन असल में जिस एसवाईएल नहर को बनाने की बातें चल रही हैं, उस नहर के इलाके में अब कॉलोनियां तक कट चुकी हैं। कई जगहों पर लोग अपने घर बनाकर रह रहे हैं, जबकि किसानों को इस जमीन का मुआवजा पहले ही दिया जा चुका है।

डेराबस्सी एरिया में यह चीज

इस तरह की स्थिति मोहाली के डेराबस्सी में बनी हुई है। लोगों का आरोप है कि बिल्डरों और कॉलोनाइजरों ने सरकारी तंत्र की कथित मिलीभगत से नहर की अधिगृहीत जमीन पर निर्माण किया है। इन कॉलोनियों में रहने वाले सैकड़ों परिवारों को यह जानकारी नहीं है कि उनके मकान जिस जमीन पर बने हैं, वहां से एसवाईएल/एसवाईएल नहर निकाली जानी प्रस्तावित है। यदि सरकार नहर परियोजना लागू करती है, तो बड़ी संख्या में लोग बेघर हो सकते हैं।

तीन इलाकों में बसी कॉलोनियां

डेराबस्सी क्षेत्र के देवी नगर, ईसापुर और जुनेद पुर इलाकों में बड़े पैमाने पर कॉलोनियां विकसित की गई हैं। आरोप है कि बेकार पुर क्षेत्र की अधिगृहीत और विवादित जमीन को बिल्डरों ने सस्ते दामों पर खरीदा और उसे प्लॉटिंग व फ्लैट प्रोजेक्ट में बदल दिया। इससे बिल्डरों ने करोड़ों रुपए कमाए।

जबकि आम लोगों ने अपनी जीवनभर की पूंजी लगाकर अनजाने में खुद को संकट में डाल लिया। लोगों का कहना है कि उन्हें जमीन की वास्तविक स्थिति की जानकारी नहीं दी गई। साथ ही, निर्माण के दौरान किसी भी सरकारी विभाग ने आपत्ति नहीं जताई।

जांच के बाद दोषियों पर होगा एक्शन

डेराबस्सी के एसडीएम अमित गुप्ता से जब इस मामले में संपर्क किया गया, तो उन्होंने कहा कि मुझे कागजात और नक्शे भेज दीजिए, ताकि जांच करवाई जा सके कि कहां अवैध निर्माण हुआ है। अगर कहीं नियम टूटे हैं, तो संबंधित लोगों पर कार्रवाई की जाएगी।