पंजाब सरकार ने स्कूल शिक्षा में बड़ा और ऐतिहासिक बदलाव किया है। पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड (PSEB) ने अपनी पुरानी परीक्षा प्रणाली को बदलते हुए एक नया, आधुनिक और skill-based exam pattern लागू करने का फैसला किया है। यह कदम राज्य के लाखों छात्रों के भविष्य को बेहतर बनाने की दिशा में बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
क्यों बदला गया एग्ज़ाम पैटर्न?
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार चाहती है कि बच्चे सिर्फ रटकर पास होने वाली पढ़ाई न करें, बल्कि वे असली जीवन में काम आने वाली स्किल्स सीखें। सरकार का मानना है कि:
- शिक्षा का उद्देश्य सिर्फ डिग्री लेना नहीं है
- बल्कि छात्रों को 21वीं सदी की चुनौतियों के लिए तैयार करना है
- युवाओं में आलोचनात्मक सोच (critical thinking), analysis, understanding और problem-solving skills बढ़ाना जरूरी है
इसी उद्देश्य से, PSEB के चेयरमैन डॉ. अमरपाल सिंह की अगुवाई में 120 से ज्यादा शिक्षाविदों और subject-experts की एक बड़ी तीन-दिवसीय workshop हुई। इसी वर्कशॉप में नए बदलावों को अंतिम रूप दिया गया।
नया एग्ज़ाम पैटर्न कैसा होगा?
PSEB ने अपने प्रश्न पत्रों को Revised Bloom’s Taxonomy के आधार पर redesign किया है। इसका मतलब यह है कि अब:
रट्टा मारने वाले प्रश्न कम होंगे
सोचने-समझने वाले प्रश्न बढ़ेंगे
हर सवाल बच्चे की असली समझ चेक करेगा
अब सभी question papers एक तय Blueprint और Item Matrix के अनुसार तैयार होंगे। इससे पेपर सेटिंग और रिज़ल्ट दोनों में पारदर्शिता बढ़ेगी।
कक्षा में सीखने का रियल लाइफ से कनेक्शन
नई प्रणाली में विज्ञान, गणित, सामाजिक विज्ञान और अंग्रेज़ी जैसे विषयों में:
- रियल लाइफ examples वाले questions होंगे
- बच्चे सीखेंगे कि जो वे किताब में पढ़ते हैं, उसे असली जीवन में कैसे लागू किया जाता है
- Practical और logical सोच पर ज्यादा जोर दिया जाएगा
इससे छात्रों की learning सिर्फ किताबों तक सीमित नहीं रहेगी।
12वीं में नया subject: Entrepreneurship
शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने एक और बड़ा कदम उठाते हुए यह घोषणा की कि 12वीं कक्षा के लिए उद्यमिता (Entrepreneurship) का नया कोर्स तैयार कर लिया गया है और PSEB ने इसे मंज़ूरी भी दे दी है।
यह कोर्स छात्रों को:
- Self-employment की तरफ प्रेरित करेगा
- Business शुरू करने की basic समझ देगा
- उन्हें Job Seekers की जगह Job Creators बनने की ओर motivate करेगा
पंजाब सरकार का मानना है कि युवाओं को नई opportunities की तरफ बढ़ाने के लिए यह बेहद जरूरी कदम है।
इन बदलावों का असर किस पर पड़ेगा?
यह नया सिस्टम पंजाब के करीब 13,000 सरकारी और निजी स्कूलों में लागू होगा। इससे लाखों छात्रों को:
- Skill-based learning मिलेगी
- Global level की modern education का exposure मिलेगा
- Competency-based परीक्षा का अनुभव मिलेगा
सरकार का साफ संदेश है कि आने वाले समय में पंजाब के बच्चे सिर्फ डिग्रियां ही नहीं, बल्कि काबिलियत और कौशल में भी आगे होंगे।
इस बड़े बदलाव के साथ, मान सरकार ने बता दिया है कि पंजाब की शिक्षा व्यवस्था अब नए दौर में प्रवेश कर चुकी है। नया exam pattern, रियल लाइफ आधारित पढ़ाई और 12वीं में उद्यमिता कोर्स—ये सब मिलकर राज्य के छात्रों को एक उज्ज्वल और मजबूत भविष्य देने की तैयारी है।
