Search

BREAKING
• परविंदर झोटा मामले में परिवार और कमेटी लेंगे अगला फैसला, CM मान बोले- सभी जायज मांगें मानीं; मोगा फायरिंग पर भी दिया बड़ा बयान • पंजाब में फिर बदलेगा मौसम, 28 से 30 अक्टूबर तक बारिश और तेज हवाओं के आसार; तापमान गिरने से बढ़ सकती है ठंड • मोगा में घर के बाहर बैठे 4 युवकों पर ताबड़तोड़ फायरिंग, 2 की मौत और 2 घायल; DGP गौरव यादव मौके पर पहुंचे, 5 आरोपी गिरफ्तार • परविंदर झोटा मामले के बीच पंजाब के केमिस्टों का बड़ा फैसला, प्रेगाबालिन और ट्रामाडोल समेत कई दवाओं की बिक्री बंद करने का ऐलान • अकाली दल की वापसी नामुमकिन, डायनासोर की तरह हो जाएगा इतिहास का हिस्सा: बलतेज पन्नू का बलविंदर सिंह भूंदड़ पर तीखा हमला • विश्व जूनियर बैडमिंटन चैंपियनशिप में पंजाब के जगशेर सिंह ने जीता कांस्य पदक, CM भगवंत मान ने की मुलाकात; परिवार और कोच को दी बधाई • श्री गुरु रामदास जी के प्रकाश पर्व की तैयारियां पूरी, 25 से 27 अक्टूबर तक श्री हरिमंदिर साहिब में होंगे भव्य धार्मिक समागम • अमित शाह मजिठिया के साथ हाथ मिलाकर पंजाब को नशा मुक्त करेंगे?? यह दुनिया का 8वां अजूबा होगा: अरविंद केजरीवाल • भाजपा हमेशा किसान विरोधी और पंजाब विरोधी रही है, अब पंजाब और उसके किसानों को बदनाम करने की कोशिश कर रही है: हरपाल सिंह चीमा • पंजाब में आज बारिश का अलर्ट, 40 KM प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं; ठंड बढ़ने के आसार

Chief Secretary ने Engineering Department से मांगी सभी ongoing और upcoming projects की सूची: अगली बैठक में report होगी पेश

October 12, 2025By Short Daily News

चंडीगढ़ प्रशासन ने वित्तीय शक्तियों में कमी के बाद अब स्थिति साफ़ करने के लिए कदम उठाए हैं। यूटी के चीफ सेक्रेटरी एच. राजेश प्रसाद ने यूटी इंजीनियरिंग विभाग से एक विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। इस रिपोर्ट में उन सभी परियोजनाओं, योजनाओं और कामों का पूरा विवरण शामिल होना है, जिन पर हाल ही में गृह मंत्रालय के फैसले का असर पड़ सकता है।

सूत्रों के अनुसार, चीफ सेक्रेटरी की अध्यक्षता में अगले बुधवार को एक बैठक बुलाई जा सकती है। इस बैठक में इंजीनियरिंग विभाग की रिपोर्ट पेश की जाएगी और आगे की रणनीति तय की जाएगी।

रिपोर्ट तैयार करने का मुख्य मकसद यह जानना है कि वित्तीय शक्तियों में कमी से किसी परियोजना पर फंड की कमी या काम में देरी जैसी स्थिति तो नहीं बनेगी। इंजीनियरिंग विभाग इस समय उन सभी परियोजनाओं की सूची तैयार कर रहा है, जो पहले से चल रही हैं या जल्द शुरू होने वाली हैं।

इसके अलावा विभाग से यह भी कहा गया है कि वह साफ़-साफ़ बताए कि किन योजनाओं की financial approval पर असर पड़ सकता है।

चंडीगढ़ प्रशासन इस कदम से यह सुनिश्चित करना चाहता है कि किसी भी महत्वपूर्ण परियोजना में वित्तीय बाधा न आए और सभी योजनाएं समय पर पूरी हों। आने वाली बैठक में इस रिपोर्ट के आधार पर आगे की रणनीति तय की जाएगी।