Search

BREAKING
• गुरुद्वारा बंगला साहिब के रास्ते को लेकर DSGMC का बड़ा फैसला, वर्दीधारी पुलिसकर्मियों की एंट्री पर रोक • PM मोदी और भाजपा सरकार पंजाब और पंजाबियत का गला घोंटने का कोई मौका नहीं छोड़ रही, पेरिस से वापसी पर CM भगवंत सिंह मान का अपमान किया गया: बलतेज पन्नू • अमित शाह जवाब दें कि भाजपा अपने कार्यकाल के दौरान नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करने में क्यों नाकाम रही, किसानों के साथ किया गया व्यवहार पंजाब को अच्छी तरह याद है- CM भगवंत सिंह मान • भगवंत मान सरकार ने परिवार की मांग पर परविंदर सिंह झोटा का केस CBI को सौंपा • पंजाब में ड्रग्स की समस्या पर राजनीति करने से पहले भाजपा सत्ता में अपने दस साल का हिसाब दे: बलतेज पन्नू • अमित शाह के पंजाब दौरे से पहले, अमन अरोड़ा ने नशा तस्करी, गुजरात में हेरोइन की बरामदगी और देश भर में बिगड़ती कानून-व्यवस्था पर पूछे 4 सवाल • पंजाब ने नशों के विरुद्ध सख्त कानून बनाने के लिए केंद्र को तीन पत्र लिखे, लेकिन भाजपा की केंद्र सरकार ने कोई गंभीरता नहीं दिखाई: हरपाल सिंह चीमा • अमित शाह के पंजाब दौरे से पहले अमन अरोड़ा ने उठाए सवाल, नशा तस्करी और सीमा सुरक्षा पर मांगा जवाब • परविंदर झोटा हत्याकांड की जांच अब CBI करेगी, CM मान का बड़ा ऐलान; परिवार की मांग मानी • अमित शाह को पंजाब को उपदे देने से पहले देश में बढ़ रहे गैंगस्टरवाद, फिरोती और नशा तस्करी पर जवाब दें: हरपाल सिंह चीमा

सात नए मेडिकल कॉलेजों के साथ उन्नत स्वास्थ्य देखभाल ढांचे का साक्षी बनेगा Punjab

March 6, 2026By Short Daily News

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की प्रतिबद्धता के अनुसार राज्य में स्वास्थ्य देखभाल और मेडिकल शिक्षा को और बेहतर बनाने के लिए मिसाली कदम उठाते हुए पंजाब के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने आज राज्य भर में सात नए मेडिकल कॉलेज स्थापित करने की घोषणा की।

इस प्रोजेक्ट के तहत दो सरकारी मेडिकल कॉलेज, सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मोड के तहत दो कॉलेज तथा निजी और अल्पसंख्यक संगठनों के द्वारा विकसित तीन कॉलेज शामिल हैं।

डॉ. बलबीर सिंह ने यहां पंजाब भवन में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान बताया कि होशियारपुर में शहीद ऊधम सिंह स्टेट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज का निर्माण कार्य 20 मार्च, 2026 से शुरू हो जाएगा। कुल 24 महीनों की अवधि में विकसित होने जा रहा यह संस्थान मार्च 2028 में पूरा हो जाएगा। उन्होंने कहा कि इस प्रोजेक्ट को 274.75 करोड़ रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति मिल चुकी है। इस प्रोजेक्ट के तहत 300 बेड वाले अस्पताल के साथ-साथ एक मेडिकल कॉलेज भी होगा, जिसमें वार्षिक एमबीबीएस की 100 सीटें होंगी।

स्वास्थ्य मंत्री के साथ प्रमुख सचिव स्वास्थ्य कुमार राहुल, विशेष सचिव-कम-एमडी पंजाब हेल्थ सिस्टम कॉर्पाेरेशन (पीएचएससी) अमित तलवार और निदेशक अनुसंधान एवं मेडिकल शिक्षा डॉ. अवनीश कुमार भी मौजूद थे।

मंत्री ने जोर देकर कहा कि पिछले अनुमानों की बारीकी से समीक्षा के बाद मुख्यमंत्री मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार ने प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत जो पहले 550 करोड़ थी, को 274 करोड़ तक घटाने में सफलता हासिल की, जिससे लगभग 250 करोड़ रुपये के सार्वजनिक धन की बचत हुई है।

डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि होशियारपुर के अलावा कपूरथला में भी एक अन्य सरकारी मेडिकल कॉलेज बनाया जा रहा है, जिसकी टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और निर्माण जल्द ही शुरू हो जाएगा। उन्होंने आगे कहा कि इसी तरह संगरूर और एसबीएस नगर में भी पीपीपी मोड के माध्यम से कॉलेज खोले जाएंगे, जिनकी टेंडर प्रक्रिया चल रही है।

इसके अलावा लहरागागा में भी जैन समाज द्वारा कॉलेज बनाया जा रहा है, जिसके लिए सरकार ने समझौता ज्ञापन कर जमीन लीज़ पर ले ली है। जबकि मालेरकोटला में मुस्लिम समाज द्वारा बनाए जा रहे कॉलेज के लिए डीपीआर केंद्र सरकार को जमा करवा दिया गया है। इसी तरह लुधियाना के निकट भी एक प्राइवेट मेडिकल कॉलेज बन रहा है।

स्वास्थ्य मंत्री ने जोर देकर कहा कि राज्य में सात मेडिकल कॉलेजों के बनने से राज्य की मेडिकल शिक्षा क्षमता में काफी वृद्धि होगी और स्थानीय छात्रों को अब मेडिकल की पढ़ाई के लिए यूक्रेन, चीन या नेपाल जैसे देशों में नहीं जाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि पंजाब में वर्तमान में 1900 एमबीबीएस सीटों वाले 13 मेडिकल कॉलेज हैं और इन नए कॉलेजों से लगभग 600 सीटों की वृद्धि होगी।

डॉ. बलबीर सिंह ने यह भी घोषणा की कि पटियाला, अमृतसर और फरीदकोट में मौजूदा मेडिकल कॉलेजों को सुपर-स्पेशियलिटी सेवाएं प्रदान करने के लिए पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट स्तर तक अपग्रेड किया जा रहा है।

उल्लेखनीय है कि होशियारपुर में बनने जा रहे इस संस्थान में एक पांच मंजिला अस्पताल और एक तीन मंजिला मेडिकल कॉलेज की इमारत शामिल है, जो आधुनिक लेबोरेटरीज, लाइब्रेरी और 500 सीटों वाले ऑडिटोरियम से लैस होगी। क्लिनिकल बुनियादी ढांचा आईसीयू, जनरल सर्जरी, ऑर्थाेपेडिक्स और मनोविज्ञान सहित एमआरआई और सीटी स्कैन जैसे उन्नत डायग्नोस्टिक्स की भी सुविधा होगी।